निर्देशक इम्तियाज़ अली की सबसे पहली और सबसे अच्छी फ़िल्म - सोचा न थी, के क्लाइमेक्स में आपसी रिश्ते के लिए "कभी हाँ कभी ना" करते नायक (अभय देओल) और नायिका (आयशा टाकिया) नायक की कम्पनी के मुख्यालय से एक... Continue Reading →
निर्देशक इम्तियाज़ अली की सबसे पहली और सबसे अच्छी फ़िल्म - सोचा न थी, के क्लाइमेक्स में आपसी रिश्ते के लिए "कभी हाँ कभी ना" करते नायक (अभय देओल) और नायिका (आयशा टाकिया) नायक की कम्पनी के मुख्यालय से एक... Continue Reading →
जो भारतीय दर्शक Alfred Hitchcock की Dial M for Murder (1954) और हॉलीवुड में ही इसकी रीमेक, माइकल डगलस अभिनीत A Perfect Murder (1998) नहीं देख पाए, वे इसी प्लॉट पर बनी मुकुल आनंद की एतबार (1985) देख सकते हैं| हॉलीवुड की दोनों फिल्मों से अलग एतबार, बप्पी लाहिड़ी द्वारा संगीतबद्ध दो प्रसिद्द गीतों "किसी नज़र को तेरा... Continue Reading →
Recent Comments