Search

Cine Manthan

Cinema, Theatre, Music, Literature & Life

Tag

Manna Dey

Sharda(1957): प्रेमिका सुहागन प्रेमी के पिता की

कल्पना कीजिये कि एक युवक की प्रेमिका परिस्थितिवश उसकी माँ बन जाये तो क्या हो? ऐसे रिश्ते से उपजे जटिल समीकरण को सुलझाने के लिए दादा साहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित दक्षिण और हिन्दी फिल्मों के प्रसिद्ध निर्माता-निर्देशक एल वी... Continue Reading →

सभी सुख दूर से गुज़रे (Aarambh 1976) : दुःख ही जब जीवन का स्थायी भाव बन जाए

कोविड संक्रमण के काल में जब लोग अपने प्रियजनों को खोते या बेहद कष्ट झेलते देखते जा रहे हैं तब इस गीत के दुःख के भाव का मुकाबला कम ही गीत कर सकते हैं| https://www.youtube.com/watch?v=GCIfOieDiHU https://youtu.be/-aLz0LWE-Jg?si=qO3JIdKnxhKaRLyR https://youtu.be/VQyheTapPkE?si=r0YQdFw2-iDKF1kc (Text) © CineManthan & Rakesh

लता श्रुति-संवाद : लता मंगेशकर के संगीत संसार की कुंडली विवेचना

पुस्तक संगीत के सामान्य श्रोता को यह आसान ढंग से संगीत के शास्त्रीय तत्वों की जानकारी उपलब्ध करा देती है और गीतों के नोटेशन्स और लता के गायन की बारीकियों को उजागर करके संगीत के पारखी श्रोताओं को भी ज्ञान... Continue Reading →

Bawarchi (1972): दिल चोर बावर्ची!

...[राकेश]

Anand (1971) : जीने का अंदाज अंकुरित कर जाने वाला जिंदादिल

...[राकेश]

किशोर कुमार : सवेरे वाली कुनमुनी, कुरमुरी लालिमा की छुअन जैसा गायन

©...[राकेश]  

कमर जलालाबादी

...[राकेश]

Prahaar(1991): जय जवान जय ईमान

बेटे की मृत्यु के लिये उसकी फौजी ट्रेनिंग को जिम्मेदार मानने वाले मि. डिसूजा (हबीब तनवीर) जब मेजर चौहान के गाल पर थप्पड़ लगाते हैं तो इस दृष्य के प्रभाव को नाना पाटेकर बहुत वास्तविक और गहरा बनाते हैं। नाना... Continue Reading →

दुनिया रंग रंगीली बाबा (धरती माता 1938) – के.एल.सहगल की कस्तूरी

पंकज मलिक, उमा शशि और के.एल. सहगल संस्करण के.सी.डे, उमा शशि और के.एल.सहगल संस्करण https://youtu.be/gFQlI7QjbOI?si=hgDfPxx-nwJ78kR7 ...[राकॆश]

Powered by WordPress.com.

Up ↑