Search

Cine Manthan

Cinema, Theatre, Music, Literature & Life

Month

October 2013

The Bald, the Bad and The Dangerous

एक फाइट मास्टर के तौर पर उन्होने कितनी ही फिल्मों में एक से बढ़ कर हैरत अंगेज लड़ाई के दृष्यों की रचना की और दर्शकों को रोमांचित किया। भले ही कई फिल्मों में वे एक ही दृश्य में नज़र आए... Continue Reading →

Yathharth (2002): चाण्डाल का बदरंग जीवन

©...[राकेश]

The Beguiled(1971): स्त्री संसार में छलिया Clint Eastwood

©…[राकेश]

The Last Station (2009) : Leo Tolstoy के आख़िरी साल का बयान

© …[राकेश] https://youtu.be/0eCRIbUESBg?si=yxmCxG9yaT6W2uZg

B.N. Sircar : भारतीय सिनेमा के विकास की बुनियाद के एक सर्जक

…[राकेश]

जाने वाले मुड़ के (श्री 420) : राज कपूर की तकनीकी श्रेष्ठता

विवश श्वेत वस्त्रधारी अशरीरी अंतर्मन वापिस नरगिस के शरीर में प्रवेश कर जाता है। लता मंगेशकर ने अपनी गायिकी से इस गीत में उपस्थित दुख भरे भावों को गहरायी प्रदान की है। चाहे वह आवारा का ड्रीम सीक्वेंस हो या... Continue Reading →

कहीं करती होगी वो मेरा इंतजार: मुकेश के गीत में लता की “हॆ”

यह गीत हृषिकेष मुखर्जी की फिल्म फिर कब मिलोगी (1974) का है। इसे लिखा था मजरूह सुल्तानपुरी ने और संगीतबद्ध किया था आर.डी.बर्मन/पंचम ने। फिल्म में यह यह गीत दो बार आता है। पहली बार यह एकल गीत के रुप... Continue Reading →

Khamoshi (1969): सन्नाटे की गूँज

…[राकेश] https://cinemanthan.com/2015/06/13/humnedekhihainunankhon

The Formula (1980) : पैट्रोलियम साम्राज्य की काली राजनीति

© …[राकेश]

Dastak (1970): हदों से गुज़र, जीने की कोशिश करते, हामिद और सलमा

…[राकेश]

The Vanishing(1988): अचानक गुम हो जाए जीवनसाथी तो?

©...[राकेश]  

Powered by WordPress.com.

Up ↑